दोस्तो आज की हमारी पोस्ट उनके लिए है जो किसीसे नफरत करते है, जो मोहब्बत में मिली बेवफाई और धोखे के बाद नफ़रत में बदल गए हैं। अगर आपने भी किसी पर भरोसा किया और बदले में सिर्फ दर्द और धोखा मिला है, तो ये पोस्ट आपके लिए लिखी है। यहाँ हम लेकर आए हैं Nafrat Shayari in Hindi, साथ ही आपको मिलेंगी Nafrat Shayari Images, जिन्हें आप Instagram, Facebook और WhatsApp Status पर शेयर करके अपने दिल की नफ़रत को सबके सामने रख सकते हैं।
Nafrat Shayari (नफ़रत शायरी हिंदी में)
🥀 लहज़ा समझ आ जाता है 😌 हर किसी का,
बस उन्हें 😶 शर्मिंदा करना 💔 मेरे मिजाज में नहीं।

😔 मैं इसलिए दुखी नहीं हूं कि तुमने मुझसे 😢 झूठ बोला,
मैं इसलिए 😞 दुखी हूं कि अब 🤝 मैं तुमपर विश्वास नहीं कर सकता।

🥀 हर लहजे से उसके 😐 शिकायत हो गई,
उसे इतना 😍 चाहा हमने कि 💔 नफ़रत हो गई।

🚤 टूटी फूटी कश्ती और एक 😶🌫️ खुशक समंदर देखा था,
रात मैंने 💖 झांक के शायद 🪞 अपने ही अंदर देखा था।

🥀 बगैर मिले ही मुलाकात 🕊️ मान लेंगे,
तेरी खामोशी 😶 को तेरी 🗣️ बात मान लेंगे,
इतनी चाहत 💖 के बाद भी अगर तू ना मिला मुझे,
तो इसको अपनी 😢 औकात मान लेंगे।

💘 मसला तुझे पाने का कभी ❌ था ही नहीं,
इरादा ❤️ उम्र भर चाहने का था 🔒 जो आज भी कायम है।

💔 मैं नहीं मानता कि बिछड़ना 🙅♂️ हमारी किस्मत में था,
ये छोड़कर 🚶♀️ जाने का फैसला तो उसकी 🙄 नियत में था।

🕰️ तुमने दो घड़ी करीब क्या ⌛ बिठाया,
हम आज भी 🪑 वही बैठे रह गए।

👀 मैं कहां देखने से 😌 थका हूं तुझे,
पूछ जाके तू 📸 तेरी तस्वीर थक गई होगी।

🩹 जब उसके सारे ज़ख्म हम 🥀 भर चुके थे,
जहां वो 😄 खुश नज़र आया वहां हम 💀 मर चुके थे।

⏳ जब किसी का वक्त आपसे 🕒 ज्यादा कीमती हो जाए,
तो उन्हें बार बार 😶 परेशान नहीं करते।

😇 मुस्कुराहटें लाजवाब थी हमारी भी,
पसंद आई थी 💕 किसी को, वो लेकर चला गया 😢।

😶🌫️ लोग धोखा नहीं देते,
लोग बिकते हैं 💸 और आपसे 🧍♂️ खरीदे नहीं जाते।

🥀 वो इंसान सबसे ज्यादा याद 📌 आता है,
जिसे हम भूल 😵💫 जाना चाहते हैं।

🥀 कुछ लुट गया कुछ लुटा 💔 दिया गया,
कुछ मिट गया कुछ 🥀 मिटा दिया गया,
ज़िन्दगी यूंही 🌪️ आजमाती रही हमें,
कुछ छिन गया कुछ 😔 गवां दिया गया।

💘 अब इस तरह की तुमसे उम्र भर चाहत 🫂 रहेगी,
तुम्हारे ख्वाबों ✨ ख्यालों से भी नफ़रत 😤 रहेगी।

🌪️ मिट्टी के बने शरीर को ये गुरुर 🥀 हो चला कि,
शरीर पर लगी धूल 🌫️ उसकी शान कम कर देगी।

😎 क्यों ना गुरुर करु मैं अपने आप 💫 पे,
मुझे उसने चाहा 😍 जिसके चाहने वाले हज़ार थे 👥।

😶 तू बेशक नफ़रत कर,
ख्वाब तेरे ही रहेंगे 🌙 हमेशा,
मुझे भरोसा है 😶 अपनी आंखों पर 👁️।

💔 हम तबाह हो गए बस हसरतें 😥 रह गई,
दो दिलों 💔 के बीच नफ़रतें रह गई।

🧷 मैं इसलिए नहीं टूटा कि तुमने छोड़ा 🙅♀️,
मैं इसलिए टूटा कि खुद को 😢 तुमसे जोड़ रखा था 🔗।

🕰️ वक्त अगर एक जैसा होता 🧭,
तो हमें लोगों की पहचान 👁️🗨️ कैसे होती?

🫱 जिसे चाहो, उससे कुछ मत चाहो 🤲।
🚶♂️ सोचने से कहां मिलते हैं तमन्नाओं ✨ के शहर,
चलना भी जरूरी है 🚶♂️ मंजिल पाने के लिए 🛣️।

🚪 सबसे ज्यादा मुश्किल उस दरवाजे पर 👊 दस्तक देना है,
जिसकी चाबियां 🔑 कभी अपने पास रही हो 🖐️।
😶 अब कोई शिकवा भी नहीं तुझसे 🙅♂️,
तेरी खामोशी 🤫 भी अब अपना सा लगता है 🤍।

🔥 हमारे जैसा बनने के लिए,
तुझे खुद को खोना 🫥 पड़ेगा।
🧵 वो जो मन्नतों के धागे थे,
खुदा शायद अब उन्हें 🙏 अनसुना करता है 😔।

🚫 मैं नहीं थका हूं 🥀तुझे चाहने से,
थक तो मेरी किस्मत 🥀 गई है, तुझसे मिल न पाने से 😪।
😔 बचपन से लेकर आज तक सबकुछ खोया गया💔,
एक तू भी ना मिले तो शिकायत 😐 कैसी।

🥺 मैं नहीं चाहता था बिछड़ना 🙇♂️,
मगर तेरे जाने की जिद थी 😔 और मेरी मोहब्बत की मजबूरी 💔।
😒 इंसान बड़ा खुदगर्ज होता है 😈,
पसंद करे तो बुराई 😶🌫️ नहीं देखता,
नफ़रत करे तो अच्छाई 👼।

👥 भीड़ तो भरम है 🫣,
सत्य तो एकांत 🙏 ही रहेगा हमेशा।
🎭 उत्सव में मिलु या ना मिलु 🎉,
आपातकाल में 🚨 हमेशा मिलूंगा 🤝।

🥀 अपने जज़्बातों के साथ कुछ हरकत 💢 करने दो,
आज मैं फुरसत से बैठा हूं 🪑 मुझे नफ़रत करने दो 😤।

🎭 जो भी रस्में थी ज़माने की 👣 उसे निभाने दिया,
उसे जाना था और हमने 🖐️ जाने दिया।
🤫 मेरी खामोशियों की वजह एक ये भी है,
कि तुम समझती 🥀 सब कुछ हो 💔।